🇮🇳 भारत में बनेगा 8 एक्साफ्लॉप्स क्षमता वाला AI सुपरकंप्यूटर, अबू धाबी की कंपनियों का बड़ा निवेश

भारत में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक कदम उठाया गया है। अबू धाबी की प्रमुख टेक कंपनियां G42 और Cerebras Systems भारत में एक अत्याधुनिक AI सुपरकंप्यूटर स्थापित करने जा रही हैं, जिसकी अधिकतम कंप्यूटिंग क्षमता 8 एक्साफ्लॉप्स तक होगी। यह परियोजना भारत की डिजिटल और तकनीकी आत्मनिर्भरता की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर साबित हो सकती है।
भारत की AI ताकत को मिलेगा बड़ा बूस्ट
इस मेगा प्रोजेक्ट के तहत बनने वाला सुपरकंप्यूटर भारत के राष्ट्रीय स्तर पर AI रिसर्च, डेटा प्रोसेसिंग और हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग (HPC) को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगा। यह सिस्टम देश में AI आधारित इनोवेशन, स्टार्टअप्स और रिसर्च इकोसिस्टम को मजबूती देगा।
इस परियोजना को Mohamed bin Zayed University of Artificial Intelligence और भारत के Centre for Development of Advanced Computing (C-DAC) के सहयोग से विकसित किया जाएगा।
वैश्विक स्तर पर भारत की मजबूत होती स्थिति
यह घोषणा राजधानी New Delhi में आयोजित AI इम्पैक्ट समिट के दौरान की गई, जहां दुनिया भर के टेक्नोलॉजी विशेषज्ञ और नीति निर्माता मौजूद थे। इस पहल से भारत न केवल एशिया बल्कि अमेरिका, UK, रूस, चीन और यूरोप जैसे देशों के साथ AI टेक्नोलॉजी में प्रतिस्पर्धा करने की दिशा में आगे बढ़ेगा।
भारत-UAE संबंधों को नई मजबूती
यह महत्वपूर्ण पहल दिसंबर 2025 में आयोजित भारत-यूएई रणनीतिक संवाद और जनवरी 2026 में UAE के राष्ट्रपति Mohammed bin Zayed Al Nahyan की भारत यात्रा के बाद सामने आई है। इससे दोनों देशों के बीच तकनीकी सहयोग और निवेश संबंध और मजबूत होंगे।
क्या होगा फायदा?
भारत में AI रिसर्च को मिलेगा वैश्विक स्तर का इंफ्रास्ट्रक्चर
स्टार्टअप्स और टेक कंपनियों को मिलेगा हाई-परफॉर्मेंस प्लेटफॉर्म
हेल्थकेयर, एजुकेशन, डिफेंस और फाइनेंस सेक्टर में तेजी से AI अपनाया जाएगा
भारत बनेगा ग्लोबल AI हब बनने की दिशा में अग्रसर
Author: ainewsworld