विमानन मंत्रालय का सख्त आदेश: इंडिगो को 7 दिसंबर तक सभी लंबित यात्री रिफंड जारी करने होंगे

“इस व्यवधान के दौरान यात्रियों के अधिकारों की पूर्ण सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मंत्रालय सभी हितधारकों के साथ निरंतर समन्वय में है। हम जल्द से जल्द पूर्ण परिचालन सामान्य स्थिति बहाल करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”

विमानन मंत्रालय ने इंडिगो एयरलाइन्स के परिचालन संकट को देखते हुए एयरलाइन को कड़े निर्देश जारी किए हैं। मंत्रालय ने एयरलाइन को सभी लंबित यात्री रिफंड 7 दिसंबर, 2025 की रात 8:00 बजे तक जारी करने का आदेश दिया है। साथ ही, उड़ानों के रद्द होने या देरी के कारण यात्रियों से अलग हुए सामान को अगले 48 घंटों के भीतर उनके पते पर पहुंचाने की बाध्यता भी तय की गई है।

मंत्रालय के प्रमुख निर्देश और समयसीमा

नागर विमानन मंत्रालय ने यात्री हितों की सुरक्षा के लिए तत्काल प्रभाव से लागू होने वाले कई आदेश जारी किए हैं:

· रिफंड की अंतिम तिथि: सभी रद्द या बाधित उड़ानों के लिए रिफंड प्रक्रिया रविवार, 7 दिसंबर 2025, रात 8:00 बजे तक पूरी करनी होगी।
· शुल्क में छूट: यात्रा योजनाएं प्रभावित होने पर यात्रियों से कोई पुनर्निर्धारण शुल्क नहीं लिया जाएगा।
· सामान वापसी: अलग हुए सामान को 48 घंटे के भीतर यात्री के निवास पर पहुंचाना होगा।
· विशेष प्रकोष्ठ: एक समर्पित यात्री सहायता और धनवापसी प्रकोष्ठ स्थापित करना अनिवार्य है, जो प्रभावित यात्रियों से सक्रिय संपर्क करेगा।
· निगरानी तंत्र: वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांगों, छात्रों और रोगियों सहित सभी संवेदनशील यात्रियों के लिए विशेष सुविधा सुनिश्चित करने हेतु निगरानी तंत्र को मजबूत किया गया है।

अगर आपकी इंडिगो उड़ान प्रभावित हुई है, तो निम्नलिखित कदम उठाएं:

· धनवापसी का दावा: एयरलाइन को आपसे अतिरिक्त शुल्क लेने का अधिकार नहीं है। सीधे इंडिगो के आधिकारिक चैनलों (वेबसाइट, ऐप, कॉल सेंटर) के माध्यम से अपना रिफंड दावा करें।
· समर्पित प्रकोष्ठ का लाभ उठाएं: इंडिगो द्वारा स्थापित विशेष यात्री सहायता प्रकोष्ठ आपकी मदद के लिए बनाया गया है। इससे संपर्क करना प्राथमिकता दें।
· अपने सामान का पता लगाएं: एयरलाइन को 48 घंटे के भीतर आपका अलग हुआ सामान पहुंचाना होगा। आप ट्रैकिंग के लिए एयरलाइन से संपर्क कर सकते हैं।
· शिकायत दर्ज करें: निर्धारित समयसीमा में राहत न मिलने पर, आप नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) के पोर्टल पर शिकायत दर्ज कर सकते हैं।

व्यापक प्रभाव और यात्री संरक्षण ढांचा

यह घटना देश में यात्री अधिकारों और उड़ान परिचालन में पारदर्शिता के मुद्दे को एक बार फोकस में ले आई है। यह कदम उस व्यापक नीतिगत ढांचे का हिस्सा है जिसके तहत सरकार विभिन्न क्षेत्रों में उपभोक्ता हितों की रक्षा के लिए कड़े नियम बना रही है। उदाहरण के लिए, डिजिटल धोखाधड़ी से नागरिकों की रक्षा के लिए हाल ही में साइबर सुरक्षा उपायों को मजबूत किया गया है।

मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि रिफंड प्रक्रिया में किसी भी तरह की देरी या अनुपालन न होने पर एयरलाइन के खिलाफ तत्काल नियामक कार्रवाई की जाएगी। इससे यात्रियों को यह आश्वासन मिलता है कि उनके हितों की रक्षा के लिए एक सक्रिय निगरानी तंत्र काम कर रहा है।

यात्री सलाह: इस संकट के दौरान, मंत्रालय ने सभी यात्रियों, विशेष रूप से जो तत्काल यात्रा करने वाले हैं, से अपनी उड़ान की स्थिति की पुष्टि करने और वैकल्पिक यात्रा व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी लेने का अनुरोध किया है.

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Author: ainewsworld

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